सुल्तानपुर लोधी की घटना; 5-6 आवारा कुत्तों ने घेरा, जालंधर सिविल अस्पताल में तोड़ा दम
दोआबा न्यूजलाइन
सुल्तानपुर लोधी/जालंधर : आवारा कुत्तों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा। सुल्तानपुर लोधी के गांव गिला खाखला में शुक्रवार दोपहर दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जहां खेतों में पिता को खाना देने गए 8 वर्षीय बच्चे पर 5 से 6 आवारा कुत्तों के झुंड ने हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल बच्चे को परिजन तुरंत इलाज के लिए जालंधर के सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मृतक की पहचान इतवारी (8) के रूप में हुई है, जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश का रहने वाला था और परिवार के साथ यहां रह रहा था। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर है, वहीं परिवार गहरे सदमे में है।
जानकारी के अनुसार, इतवारी शुक्रवार दोपहर अपनी मां के साथ खेतों में काम कर रहे पिता मुनेजर को खाना देने गया था। मुनेजर ने बताया कि वह खेतों में आलू की बुआई कर रहे थे। इसी दौरान बेटा अपनी मां के साथ खाना लेकर पहुंचा। कुछ देर बाद बच्चे ने बाथरूम जाने की बात कही और खेत के एक किनारे की ओर चला गया।
इसी दौरान वहां मौजूद 5 से 6 आवारा कुत्तों के झुंड ने बच्चे को घेर लिया और उस पर हमला कर दिया। बच्चे की चीख-पुकार सुनकर माता-पिता मौके की ओर दौड़े। उन्होंने किसी तरह कुत्तों को भगाकर बेटे को छुड़ाया, लेकिन तब तक वह गंभीर रूप से घायल हो चुका था। शरीर के कई हिस्सों पर गहरे जख्म थे और काफी खून बह चुका था।
घबराए परिजन उसे तुरंत इलाज के लिए जालंधर स्थित सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। चिकित्सकों के अनुसार, अत्यधिक रक्तस्राव और गहरे जख्मों के कारण बच्चे की जान नहीं बचाई जा सकी।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और पुलिस को अवगत कराया गया। क्षेत्र के लोगों ने आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या पर चिंता जताई है। ग्रामीणों का कहना है कि पहले भी कुत्तों के हमले की घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन ठोस कदम नहीं उठाए गए।
इस दर्दनाक हादसे के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है। पड़ोसी और रिश्तेदार परिवार को ढांढस बंधा रहे हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि आवारा कुत्तों की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए, ताकि भविष्य में किसी और परिवार को ऐसी त्रासदी का सामना न करना पड़े।