दोआबा न्यूजलाइन। जालंधर (सतपाल शर्मा)
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच जारी तनाव अब गंभीर सैन्य टकराव में बदलता नजर आ रहा है। सोमवार रात हालात उस समय और बिगड़ गए जब पाकिस्तान ने अफगानिस्तान की राजधानी काबुल पर बड़ा हवाई हमला किया। इस हमले में अस्पतालों और रिहायशी इलाकों को निशाना बनाए जाने का दावा किया गया है, जिसमें 400 से अधिक लोगों की मौत और 250 से ज्यादा के घायल होने की खबर सामने आई है।
अस्पताल और रिहायशी इलाकों पर बमबारी का आरोप
अफगानिस्तान के स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता शराफत जमान के अनुसार, पाकिस्तान ने काबुल में एक बड़े नशा मुक्ति केंद्र पर एयर स्ट्राइक की, जहां बड़ी संख्या में मरीज मौजूद थे। इस हमले को तालिबान ने मानवता के खिलाफ अपराध करार दिया है। बताया जा रहा है कि हमले में राजधानी के कई संवेदनशील और घनी आबादी वाले क्षेत्रों को निशाना बनाया गया।
23 मिनट में पांच जगहों पर हमले
जानकारी के मुताबिक, रात करीब साढ़े 9 बजे पाकिस्तानी वायुसेना ने JF-17 और F-16 लड़ाकू विमानों से काबुल में अलग-अलग पांच स्थानों पर बमबारी की। इन स्थानों में रक्षा मंत्रालय के पास के रिहायशी इलाके, खुफिया एजेंसी GDI मुख्यालय के आसपास का क्षेत्र, राष्ट्रपति भवन के निकट क्षेत्र, काबुल एयरपोर्ट के पास पुराना नाटो बेस और पार्की सनाई कोचक इलाके में स्थित 2000 बेड वाला सरकारी अस्पताल शामिल हैं। भारी विस्फोटों के कारण कई इलाकों में आग लग गई और आसमान धुएं से भर गया।
मौत और राहत कार्य जारी
रात 2 बजे तक मिली जानकारी के अनुसार, इस हमले में 400 लोगों की मौत हो चुकी थी, जबकि 250 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। काबुल में रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है और मलबे में दबे लोगों को निकालने का प्रयास किया जा रहा है। इसके अलावा पाकिस्तान द्वारा नंगरहार प्रांत में भी बमबारी की खबर है, हालांकि वहां किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है।
अफगान क्रिकेटरों ने जताया गुस्सा
इस हमले के बाद अफगानिस्तान के क्रिकेट खिलाड़ियों ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी है। मोहम्मद नबी ने सोशल मीडिया पर भावुक संदेश साझा करते हुए निर्दोष लोगों की मौत पर दुख जताया। वहीं राशिद खान ने अस्पतालों, शिक्षा संस्थानों और रिहायशी इलाकों को निशाना बनाए जाने को “वॉर क्राइम” बताया और इसकी कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि रमजान के पवित्र महीने में इस तरह के हमले मानवता के खिलाफ हैं।
पाकिस्तान ने आरोपों को बताया निराधार
दूसरी ओर पाकिस्तान ने इन सभी आरोपों को खारिज कर दिया है। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के प्रवक्ता ने कहा कि पाकिस्तान ने केवल आतंकवादी ठिकानों और सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है। पाकिस्तान के सूचना मंत्रालय ने भी स्पष्ट किया कि किसी भी नागरिक क्षेत्र या अस्पताल को जानबूझकर निशाना नहीं बनाया गया।
तनाव बढ़ने से क्षेत्र में चिंता
लगातार हो रहे हमलों और बढ़ते तनाव ने पूरे क्षेत्र में चिंता का माहौल पैदा कर दिया है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें अब इस टकराव पर टिकी हैं, क्योंकि अगर हालात जल्द नहीं संभले तो यह संघर्ष बड़े युद्ध का रूप ले सकता है।