दोआबा न्यूजलाइन । जालंधर (सतपाल शर्मा)
कनाडा सरकार देश में बढ़ती आपराधिक गतिविधियों पर लगाम कसने के लिए लगातार सख्त कदम उठा रही है। इसी अभियान के तहत कनाडा बॉर्डर सर्विसेज एजेंसी (CBSA) ने दो भारतीय मूल के पंजाबी गैंगस्टरों को देश से डिपोर्ट कर दिया है। अधिकारियों ने बताया कि यह कार्रवाई संगठित अपराध और जबरन वसूली के मामलों में शामिल विदेशी नागरिकों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है।
CBSA के मुताबिक, एजेंसी ने ऐसे सभी विदेशी नागरिकों की पहचान कर एक विस्तृत सूची तैयार की है, जो कनाडा में रहते हुए आपराधिक गतिविधियों में शामिल पाए गए। इस सूची के आधार पर अब तक 35 लोगों को डिपोर्ट किया जा चुका है। हाल ही में जिन दो भारतीय नागरिकों को वापस भेजा गया, उनकी पहचान अर्शदीप सिंह और सुखनाज सिंह संधू के रूप में हुई है।
जांच में सामने आया कि अर्शदीप सिंह साल 2022 में स्टडी वीजा के जरिए कनाडा पहुंचा था, लेकिन कुछ समय बाद ही वह अपराध जगत से जुड़ गया। उस पर जबरन वसूली, फायरिंग, ड्रग तस्करी और अवैध हथियारों के नेटवर्क से जुड़े होने के आरोप लगे थे। पुलिस ने उसे 2025 में गिरफ्तार किया था, जिसके बाद कानूनी प्रक्रिया पूरी कर उसे डिपोर्ट कर दिया गया।
वहीं, सुखनाज सिंह संधू 2016 से कनाडा में रह रहा था। लंबे समय से वह भी आपराधिक गतिविधियों में सक्रिय था और 2025 में ही उसे गिरफ्तार किया गया। अधिकारियों का कहना है कि इस तरह की कार्रवाई उन लोगों के लिए कड़ा संदेश है, जो कनाडा की जमीन का इस्तेमाल गैरकानूनी गतिविधियों के लिए करना चाहते हैं।
कनाडा सरकार ने साफ किया है कि देश की सुरक्षा और कानून व्यवस्था से समझौता नहीं किया जाएगा और भविष्य में भी ऐसे ऑपरेशन जारी रहेंगे।