दोआबा न्यूजलाइन। सतपाल शर्मा
जालंधर में आज रात 8 बजे होने वाली मॉक ड्रिल को लेकर प्रशासन ने स्थिति साफ कर दी है। अधिकारियों के अनुसार यह कोई आपातकालीन स्थिति नहीं बल्कि एक नियमित सुरक्षा अभ्यास है, जिसका उद्देश्य किसी भी संभावित खतरे से निपटने की तैयारियों को परखना है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ब्लैकआउट पूरे शहर में लागू नहीं किया जाएगा। यह अभ्यास केवल एक सीमित स्थान—खालसा कॉलेज कैंपस—तक ही सीमित रहेगा। आम लोगों को अपने दैनिक कामकाज में किसी तरह का बदलाव करने की जरूरत नहीं है।
डिप्टी कमिश्नर ने लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी तरह की घबराहट से बचें। उन्होंने कहा कि इस तरह की मॉक ड्रिल समय-समय पर की जाती हैं ताकि आपदा या आपात स्थिति में सभी एजेंसियां बेहतर तरीके से काम कर सकें।
मिली जानकारी के अनुसार, इस अभ्यास के दौरान पहले निर्धारित समय पर कैंपस में लाइट्स बंद की जाएंगी, जिसके बाद राहत और बचाव कार्यों का अभ्यास किया जाएगा। इस दौरान फायर ब्रिगेड, स्वास्थ्य विभाग और सिविल डिफेंस की टीमें मिलकर संयुक्त रूप से अपनी कार्यप्रणाली का परीक्षण करेंगी।
अधिकारियों का कहना है कि इस अभ्यास का मकसद आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करना है, न कि किसी प्रकार का डर पैदा करना।