दोआबा न्यूजलाइन। जालंधर
कांग्रेस नेताओं को पार्टी में बड़े पद और चुनावी टिकट दिलाने का सपना दिखाकर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले एक शातिर जालसाज को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी खुद को कांग्रेस नेता Rahul Gandhi के पूर्व सचिव कनिष्क सिंह का करीबी बताकर नेताओं को अपने जाल में फंसाता था। पुलिस के अनुसार, आरोपी कई राज्यों में सक्रिय नेटवर्क चलाकर नेताओं से मोटी रकम वसूलता था।
इस मामले में अमृतसर निवासी 42 वर्षीय गौरव कुमार को देहरादून पुलिस ने गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि वह उत्तराखंड, राजस्थान, हरियाणा, मध्य प्रदेश और बिहार के कांग्रेस नेताओं को संगठन में प्रभावशाली पद और चुनावी टिकट दिलाने का भरोसा देकर ठगी करता था।
महिला कांग्रेस नेता से 25 लाख की ठगी
मामले का खुलासा तब हुआ जब देहरादून की कांग्रेस नेता भावना पांडे ने राजपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने आरोप लगाया कि गौरव कुमार ने उन्हें पार्टी में बड़ा पद दिलाने का वादा कर 25 लाख रुपये ठग लिए। आरोपी ने दावा किया था कि कांग्रेस हाईकमान उत्तराखंड कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल से नाराज है और संगठन में बदलाव के लिए पैसों की जरूरत है।
भावना पांडे ने उसकी बातों पर भरोसा करते हुए अपने सहयोगी के जरिए रकम पहुंचाई, लेकिन पैसे मिलने के बाद आरोपी ने संपर्क बंद कर दिया। इसके बाद उन्हें ठगी का एहसास हुआ और पुलिस में शिकायत दी गई।
पैसे लेने पहुंचा तो पुलिस ने दबोचा
देहरादून पुलिस के मुताबिक, आरोपी को जाखन इलाके से उस समय गिरफ्तार किया गया जब वह कथित तौर पर कांग्रेस के एक अन्य पदाधिकारी से पैसे लेने पहुंचा था। पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार ने बताया कि आरोपी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है और पूरे नेटवर्क की जांच के लिए पुलिस रिमांड मांगी जाएगी।
कई राज्यों में फैला था नेटवर्क
जांच एजेंसियों के अनुसार, गौरव कुमार अकेला काम नहीं कर रहा था। उसने पंजाब के अपने साथियों छज्जू, रजत माडा और मनिंदर सिंह कालू के साथ मिलकर कई राज्यों में नेताओं को निशाना बनाया। पुलिस का दावा है कि आरोपी के खिलाफ हरियाणा, राजस्थान और बिहार में भी पहले से धोखाधड़ी के मामले दर्ज हैं।
पहले भी कर चुका करोड़ों की ठगी
पुलिस जांच में सामने आया है कि यह गिरोह कई वर्षों से सक्रिय था। वर्ष 2017 में जयपुर में आरोपी ने खुद को राहुल गांधी का सचिव बताकर दो कांग्रेस नेताओं से कथित तौर पर 1.90 करोड़ रुपये और 12 लाख रुपये की ठगी की थी। वहीं 2025 में पटना में भी एक कांग्रेस नेता से 3 लाख रुपये ऐंठने का आरोप सामने आया है।
जांच एजेंसियों को आशंका है कि इस गिरोह के जाल में और भी कई नेता फंसे हो सकते हैं। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क, बैंक खातों और वित्तीय लेन-देन की गहन जांच में जुटी हुई है।