दोआबा न्यूजलाइन। जालंधर
भारत सरकार ने नागरिकता नियमों में बड़ा बदलाव करते हुए पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आने वाले आवेदकों के लिए नई शर्तें लागू कर दी हैं। अब भारतीय नागरिकता लेने के इच्छुक लोगों को अपने पुराने पासपोर्ट की पूरी जानकारी देनी होगी और मंजूरी मिलने के बाद उसे जमा भी कराना पड़ेगा।
गृह मंत्रालय ने जारी की नई अधिसूचना
Ministry of Home Affairs की ओर से जारी अधिसूचना में कहा गया है कि नागरिकता आवेदन के दौरान यह बताना अनिवार्य होगा कि आवेदक के पास पाकिस्तान, बांग्लादेश या अफगानिस्तान का पासपोर्ट है या नहीं। अगर पासपोर्ट मौजूद है तो उसका नंबर, जारी होने की तारीख और अन्य विवरण देना होगा।
मंजूरी के 15 दिन के भीतर करना होगा जमा
सरकार ने नियमों में यह भी जोड़ा है कि भारतीय नागरिकता मंजूर होने के बाद संबंधित व्यक्ति को 15 दिनों के भीतर अपना विदेशी पासपोर्ट संबंधित अधिकारियों के पास जमा कराना होगा। सरकार का कहना है कि इससे रिकॉर्ड और पहचान सत्यापन की प्रक्रिया और मजबूत होगी।
CAA के तहत आवेदन करने वालों पर असर
यह बदलाव खासतौर पर उन लोगों पर लागू होगा जो Citizenship Amendment Act के तहत भारतीय नागरिकता के लिए आवेदन कर रहे हैं। इसमें पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आए हिंदू, सिख, जैन, बौद्ध, पारसी और ईसाई समुदाय के लोग शामिल हैं।
ऑनलाइन प्रक्रिया और निगरानी भी होगी मजबूत
सरकार ने नागरिकता और OCI प्रक्रिया को भी डिजिटल बनाने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं। अब कई सेवाएं ऑनलाइन होंगी और दस्तावेजों की जांच पहले से ज्यादा सख्ती से की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि इससे फर्जी दस्तावेजों और दोहरी पहचान के मामलों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।