दोआबा न्यूजलाइन। जालंधर
उत्तर भारत में मौसम का मिजाज एक बार फिर तेजी से करवट ले रहा है। पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने के कारण पंजाब, हरियाणा और राजधानी चंडीगढ़ में आने वाले घंटों में मौसम का बड़ा यू-टर्न देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग (IMD) ने क्षेत्र में तेज धूल भरी आंधी, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और कुछ इलाकों में ओलावृष्टि (Hailstorm) का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।

इस मौसमी बदलाव से जहां भीषण गर्मी और उमस से जूझ रहे लोगों को बड़ी राहत मिलेगी, वहीं तेज हवाओं के चलते प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
किन जिलों में दिखेगा सबसे ज्यादा असर?
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, इस बदलाव का असर पूरे पंजाब और ट्राईसिटी (चंडीगढ़, मोहाली, पंचकुला) में देखने को मिलेगा। विशेष रूप से निम्नलिखित क्षेत्रों में भारी हलचल की संभावना है:
माझा और दोआबा क्षेत्र: अमृतसर, तरनतारन, गुरदासपुर और जालंधर में तेज हवाओं के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।
मालवा बेल्ट: पटियाला, लुधियाना, बठिंडा और संगरूर में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से धूल भरी आंधी चलने का अनुमान है।
ट्राईसिटी (मोहाली-चंडीगढ़): यहाँ शाम या देर रात तक आसमान में काले बादल छाने और ओले गिरने की प्रबल आशंका है।
तापमान में आएगी 4 से 6 डिग्री की गिरावट
पिछले कुछ दिनों से पंजाब और चंडीगढ़ का पारा 40 डिग्री सेल्सियस के पार चल रहा था, जिससे लोग उमस भरी गर्मी से बेहाल थे। मौसम विभाग का अनुमान है कि इस बारिश और ठंडी हवाओं के चलने के बाद:
दिन के अधिकतम तापमान में 4 से 6 डिग्री सेल्सियस की बड़ी गिरावट दर्ज की जा सकती है।
रात के मौसम में भी ठंडक घुलेगी, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत मिलेगी।
मौसम विभाग की चेतावनी: “आने वाले 24 से 48 घंटे संवेदनशील हैं। तेज हवाओं के कारण कमजोर संरचनाओं, साइनबोर्ड्स और पेड़ों को नुकसान पहुँच सकता है। ओलावृष्टि की स्थिति में लोग खुले में निकलने से बचें।”
किसानों और आम जनता के लिए एडवाइजरी
मौसम में अचानक आए इस बदलाव को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और कृषि विशेषज्ञों ने गाइडलाइन जारी की है:
किसानों के लिए: जिन किसानों की फसलें खुले आसमान के नीचे मंडियों में या खेतों में कटी रखी हैं, वे उन्हें तुरंत सुरक्षित स्थानों पर ढककर रखें ताकि ओलों और पानी से नुकसान न हो।
यात्रियों के लिए: आंधी और बारिश के दौरान दृश्यता (Visibility) कम हो सकती है, इसलिए हाईवे पर वाहन चलाते समय गति धीमी रखें और फॉग लाइट्स का इस्तेमाल करें।
बिजली कटौती की संभावना: तेज हवाओं के चलते एहतियात के तौर पर कई इलाकों में बिजली गुल रह सकती है, इसलिए लोग अपने जरूरी इंतजाम पहले ही कर लें।
मौसम विभाग का कहना है कि यह मौसमी सिस्टम अगले दो दिनों तक सक्रिय रह सकता है, जिसके बाद एक बार फिर मौसम साफ होने और धूप निकलने के आसार हैं।