दोआबा न्यूजलाइन । जालंधर
पंजाब में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान बड़ी संख्या में मतदाताओं से संबंधित जानकारी सामने आई है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी आनंदिता मित्रा के अनुसार, करीब 90.37 प्रतिशत फॉर्म वापस प्राप्त हुए, जबकि 20.66 लाख फॉर्म वापस नहीं आए। ऐसे मामलों में मतदाताओं को अपनी पात्रता साबित करने के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत दस्तावेज जमा करने का अवसर दिया जा रहा है।
मृत, डबल और ट्रेस न हो सके वोट भी सामने आए
SIR के दौरान 4 लाख 12 हजार 715 वोटर ट्रेस नहीं हो सके, जबकि करीब 5.74 लाख वोटर मृत पाए गए। इसके अलावा 1 लाख 19 हजार 145 डबल वोट भी सामने आए। करीब 12 लाख वोटरों की वोट मैप नहीं हो सकी। चुनाव विभाग का कहना है कि इसका मतलब यह नहीं है कि ऐसे मतदाताओं का नाम स्वतः खत्म हो गया है। जिन लोगों की वोट अनमैप्ड रह गई है, वे अपने दस्तावेजों के साथ दावा प्रस्तुत कर सकते हैं।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने नए मतदाता बनने के इच्छुक लोगों से भी Form-6 भरने की अपील की है। आवेदन ऑनलाइन करने के अलावा ऑफलाइन माध्यम से भी जमा कराया जा सकता है।
BLO या तहसील कार्यालय में जमा कर सकते हैं Form-6
ऑफलाइन आवेदन के लिए संबंधित व्यक्ति अपने नजदीकी BLO या SDM/तहसीलदार कार्यालय से Form-6 प्राप्त कर सकता है। इसमें नाम, पता, माता-पिता या पति का नाम सहित आवश्यक जानकारी भरनी होगी। आवेदन के साथ स्वघोषणा, जन्मतिथि और निवास से संबंधित दस्तावेज लगाने होंगे। फॉर्म जमा करने के बाद उसकी रसीद लेना भी जरूरी होगा।
जो लोग कार्यालय तक नहीं पहुंच सकते, उनके लिए बूथ स्तर पर कैंप लगाने की व्यवस्था की गई है। इन कैंपों में ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में नाम की जांच की जा सकेगी। यदि किसी पात्र व्यक्ति का नाम सूची में नहीं है, तो वहीं Form-6 जमा कराया जा सकेगा।
2 सितंबर तक दावा-आपत्ति का मौका
ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी होने के बाद मतदाताओं को अपने नाम और विवरण को लेकर दावे तथा आपत्तियां दर्ज कराने का अवसर मिलेगा। 12 सितंबर तक Form-6 के जरिए नाम शामिल कराने का अवसर रहेगा। इसके बाद प्राप्त दावों और आपत्तियों की जांच की जाएगी और प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।
अनमैप्ड वोटरों को घबराने की जरूरत नहीं
आनंदिता मित्रा के मुताबिक चुनाव विभाग की कोशिश है कि SIR की प्रक्रिया में कोई पात्र मतदाता छूट न जाए। जिन मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी है या जो स्थायी रूप से दूसरी जगह स्थानांतरित हो चुके हैं, उन्हें अलग प्रक्रिया के तहत देखा जाएगा। वहीं, जिन मतदाताओं का नाम सूची में मौजूद है लेकिन उनकी वोट मैप नहीं हो सकी, वे संबंधित दस्तावेजों के साथ दावा कर सकते हैं।
सबसे ज्यादा वोट कटने वाले 5 जिलों में AAP के 38 विधायक
SIR के आंकड़ों के मुताबिक जिन पांच जिलों में सबसे अधिक वोट हटाए गए हैं, वहां कुल 45 विधानसभा सीटें हैं। इनमें AAP के 38 विधायक, कांग्रेस के 5 और SAD के 2 विधायक हैं।
लुधियाना की 14 विधानसभा सीटों में 13 पर AAP और एक सीट पर अकाली दल का विधायक है। अमृतसर की 11 सीटों में AAP के 9, कांग्रेस और अकाली दल के एक-एक विधायक हैं। जालंधर की 9 सीटों में AAP के 5 और कांग्रेस के 4 विधायक हैं। साहिबजादा अजीत सिंह नगर की तीनों सीटें AAP के पास हैं, जबकि पटियाला की सभी 8 सीटों पर भी AAP के विधायक हैं।
सबसे कम वोट कटने वाले 5 जिलों में AAP का दबदबा
कम संख्या में वोट हटाए जाने वाले पांच जिलों में कुल 13 विधानसभा सीटें हैं। इनमें AAP के 11, कांग्रेस के एक और BJP के एक विधायक हैं।
मलेरकोटला की एकमात्र विधानसभा सीट AAP के पास है। मानसा की तीनों सीटों पर AAP का कब्जा है। पठानकोट में तीनों दलों की स्थिति अलग-अलग है—पठानकोट सीट BJP, भोआ AAP और सुजानपुर कांग्रेस के पास है। बरनाला की तीनों और फतेहगढ़ साहिब की तीनों सीटों पर AAP के विधायक हैं।
सबसे कम वोट कटने वाले पांच जिले
| क्रम | जिला | कटे वोट |
|---|---|---|
| 1 | मलेरकोटला | 18,788 |
| 2 | मानसा | 22,012 |
| 3 | पठानकोट | 30,094 |
| 4 | बरनाला | 32,284 |
| 5 | फतेहगढ़ साहिब | 33,374 |
जिलेवार कुल मतदाता, हटाए गए वोट और शेष वोट
| जिला | कुल मतदाता | कटने वाले वोट | शेष वोट |
|---|---|---|---|
| लुधियाना | 26,83,999 | 4,16,088 | 22,67,911 |
| अमृतसर | 19,73,071 | 2,42,751 | 17,30,320 |
| जालंधर | 16,49,946 | 1,84,997 | 14,64,949 |
| एसएएस नगर (मोहाली) | 8,54,423 | 1,53,714 | 7,00,709 |
| पटियाला | 15,20,038 | 1,38,624 | 13,81,414 |
| गुरदासपुर | 12,93,682 | 1,08,473 | 11,85,209 |
| होशियारपुर | 12,68,648 | 98,718 | 11,69,930 |
| कपूरथला | 6,14,981 | 78,678 | 5,36,303 |
| तरनतारन | 7,77,353 | 74,193 | 7,03,160 |
| बठिंडा | 10,53,091 | 65,072 | 9,88,019 |
| फिरोजपुर | 7,17,773 | 54,029 | 6,63,744 |
| फाजिल्का | 7,76,163 | 53,868 | 7,22,295 |
| संगरूर | 9,18,078 | 53,486 | 8,64,592 |
| मोगा | 7,58,410 | 48,769 | 7,09,641 |
| फरीदकोट | 4,93,060 | 43,444 | 4,49,616 |
| श्री मुक्तसर साहिब | 6,93,936 | 41,327 | 6,52,609 |
| रूपनगर | 5,61,772 | 38,020 | 5,23,752 |
| शहीद भगत सिंह नगर | 4,82,925 | 36,223 | 4,46,702 |
| फतेहगढ़ साहिब | 4,54,908 | 33,269 | 4,21,639 |
| बरनाला | 4,85,873 | 32,255 | 4,53,618 |
| पठानकोट | 5,09,111 | 29,914 | 4,79,197 |
| मानसा | 5,94,369 | 21,943 | 5,72,426 |
| मलेरकोटला | 3,25,433 | 18,780 | 3,06,653 |
| कुल योग | 2,19,55,043 | 20,86,605 | 1,98,68,438 |
मतदाताओं के लिए अहम बात: यदि किसी पात्र व्यक्ति का नाम सूची में नहीं है या वोट अनमैप्ड रह गई है, तो निर्धारित समयसीमा के भीतर संबंधित दस्तावेजों के साथ दावा दाखिल करना महत्वपूर्ण होगा।